शिमला जिले के तहत चौपाल बाजार में एक चार मंजिला भवन देखते ही देखते जमींदोज हो गया। इस चार मंजिला भवन की धरातल मंज़िल में बीयर बार, पहली मंजिल में एक ढाबा, दूसरी मंजिल में यूको बैंक तथा तीसरी मंजिल में लैंड मोडगेज बैंक था। गनीमत यह रही की इस घटना में कोई भी जानी नुक्सान नहीं हुआ है। अवकाश होने के कारण बैंक बंद थे, हालांकि धरातल में बने बीयर बार में व ढाबे में कुछ लोग मौजूद थे।
बताया जा रहा है कि दोपहर करीब 12 बजे धरातल मंजिल में बने बीयर बार की खिड़कियों के शीशे अचानक दरकने लगे व भवन की दीवारों में दरारें पड़ने लगीं। बार में काम कर रहे युवक ने यह बात पहली मंजिल पर बने ढाबे के मालिक को बताई। ढाबे के मालिक ने धरातल मंजिल पर पहुंच कर देखा कि मकान के पिल्लर भी हिलने लगे हैं। आनन-फानन में सभी लोगों को बार व ढाबे से बाहर निकलने के लिए कहा गया। सभी लोगों के बाहर निकलते ही यह चार मंजिला भवन पलभर में जमींदोज हो गया।
मौके पर मौजूद लोगों का कहना था कि भवन के पिछले हिस्से में कुछ समय पहले से ही दरारें आनी शुरू हो गईं थीं। हालांकि भवन मालिक का कहना है कि इस विषय में उन्हें कुछ मालूम नहीं था। भवन के शीशे टूटने की खबर पुलिस को पहले ही दे दी गई थी। पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंच चुकी थी, वहीं पुलिस के साथ-साथ सैंकडों लोगों के देखते-देखते यह मकान ध्वस्त हो गया। यह घटना इतनी तेजी से घटी कि कुछ भी सामान बचाने का समय नहीं मिल पाया। हालांकि बाद में बैंक के कर्मचारी व ढाबा मालिक स्थानीय लोगों की सहायता से मलबे में दबे सामान को बाहर निकालने में जुट गए।
एसडीएम चौपाल चेत सिंह व एसडीपीओ चौपाल राजकुमार ने मौके पर पहुंचकर राहत व बचाव कार्यों का जायजा लिया। एसडीएम चौपाल ने कहा कि प्रभावितों को नियमानुसार फौरी राहत प्रदान की जाएगी।

