धर्मशाला से भाजपा प्रत्याशी सुधीर शर्मा ने सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू के बयान पर पलटवार किया है। सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू द्वारा सुधीर शर्मा को विदेशी परिंदा कहने पर सुधीर ने कहा कि सीएम ने मुझे विदेशी परिंदा कहा है, मैंने कुछ कहा तो बात दूर तक जाएगी। सुधीर ने कहा कि सीएम ने अभी तक नादौन में घर तक नहीं बनाया है, वोट उनका शिमला में है, दो बार शिमला में पार्षद रहे हैं, जबकि मैं धर्मशाला में रहता हूं और मेरा वोट भी यहां है।
सोमवार को जारी प्रेस बयान में सुधीर शर्मा ने कहा कि नादौन आकर भी सीएम सुक्खू रेस्ट हाउस में रहते हैं और रस्से दोनों तरफ लगा देते हैं और रस्सों के पीछे पब्लिक को रखते हैं। मेरे पास इसका वीडियो भी है, जल्द जारी करेंगे।
सुधीर ने कहा कि सरकार अल्पमत है और सीएम बौखलाहट में ऐसी बातें कह रहे हैं। सुधीर ने कहा कि भगवान उनको सदबुद्धि दे और मैं चाहूंगा कि उनकी जो मित्रमंडली है, कहीं अच्छी जगह इलाज करवाएं, कहीं मानसिक संतुलन न खो जाएं। सुधीर शर्मा ने कहा कि शुक्र है कि आचार संहिता लगी हुई है, यदि आचार संहिता नहीं होती तो न जाने कैसे-कैसे फैसले ले लेते। उपचुनाव को लेकर सुधीर शर्मा ने कहा कि चुनाव जनता लड़वाती है, जनता ही निर्णायक है,। धर्मशाला में जब से चुनावी राजनीति में आया हूं, तब से किसी भी तरह का भेदभाव नहीं किया। कभी किसी की जाति पूछकर काम नहीं किया, यही वजह है कि आज भी लोग पार्टी से हटकर भी समर्थन देते हैं। जनता का समर्थन मिल रहा है और जनता मेरे निर्णय का स्वागत कर रही है। स्मार्ट सिटी के प्रोजेक्टस को एपू्रवल वाले सीएम के बयान पर सुधीर शर्मा ने कहा कि जब स्मार्ट सिटी धर्मशाला में आई थी, उस समय सीएम सुक्खू विधायक भी नहीं थे और पार्टी के अध्यक्ष थे, उन्हें क्या पता कि कैसे स्मार्ट सिटी आई है। कौन लोग एडजस्ट किए हैं, नाम तो बताते नहीं, बस ऐसे ही बयानबाजी करते हैं। स्मार्ट सिटी के काम तब रुके, जब मैं विधायक नहीं था। सुधीर ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ने स्मार्ट सिटी के काम को गति नहीं दी है, बल्कि स्टेट के शेयर को कम यह कहकर किया कि मेरे पास पैसे नहीं है। धर्मशाला से भेदभाव के चलते ही सरकार सीयू के 30 करोड़ जमा नहीं करवा पा रही है और बातें सीएम द्वारा निवेश लाने की कही जाती हैं। सरकारें बातों से नहीं चलती, बल्कि काम करना पड़ता है, जिसकी सीएम को आदत नहीं है।
सुधीर शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री का दिमागी संंतुलन बिगड़ चुका है, उनकी मित्रमंडली को चाहिए कि उनका इलाज करवाएं। सुधीर ने आरोप लगाया कि सरकार ने मेरे घर के आसपास के एरिया को छावनी में बदल दिया है, जिस कारण रक्कड़, मोहली, खनियारा, सौकणी दा कोट के लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सुधीर ने कहा कि प्रदेश सरकार को कानून व्यवस्था की कोई फिक्र नहीं है, अपनी कुर्सी बचाने के लिए सीएम घूम रहे हैं। उन्होंने कहा कि पहले नववर्ष पर सरकार ने शराबियों को होटल तक छोडऩे के लिए पुलिस को लगाया था, अब घायल युवती पर ऐसा बयान देकर अपनी संकीर्ण मानसिकता का परिचय दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि सुक्खू राज, प्रदेश में मजाक बन गया है, प्रदेश सरकार चलते-फिरते कॉमेडी शो की तरह है

